
National Library of Medicine के अनुसार निपाह एक Zoonotic वायरस है, यानी यह जानवरों से इंसानों में फैलता है। यह मुख्य रूप से ‘फ्रूट बैट्स’ (फलों पर रहने वाले चमगादड़) की लार या मूत्र से दूषित फल खाने से फैलता है। इसके अलावा, संक्रमित सूअरों के संपर्क में आने से भी यह फैल सकता है। ताइवान में अभी तक निपाह का कोई मामला सामने नहीं आया है, लेकिन अब तक दुनिया भर में लगभग 750 से ज्यादा लोग इसका शिकार हो चुके हैं। भारत और बांग्लादेश जैसे देशों में इसके छिटपुट मामले (Sporadic Outbreaks) देखे गए हैं। बिना किसी टीके के, केवल सतर्कता और समय पर सूचना ही इसका सबसे बड़ा बचाव है।



